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जल की बर्बादी से मानव सभ्यता पर गहरा सकता है संकट

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  विश्व जल दिवस पर अदनान फाउण्डेशन की 'जल है तो कल है' विषयक गोष्ठी धानापुर-चंदौली। अदनान फाउण्डेशन द्वारा सोमवार को कस्बा स्थित कैम्प कार्यकाल पर विश्व जल दिवस पर जल है तो कल है विषयक गोष्ठी आयोजित की गई।  एडवोकेट उपेन्द्र कन्नौजिया ने कहा कि जल ही समस्त भौतिक वस्तुओं का कारण और समस्त प्राणी जीवन का आधार है, परंतु अफसोस के साथ कहना होगा कि पूरी दुनिया तब से अब तक इस अमूल्य धरोहर को सहेजने में विफल रही है। आज जरूरत है जल को बचाने और इसके बेहतर उपयोग की। उन्होंने कहा कि दुनिया को पानी बचाना कितना जरूरी है, इस बात का इसी से अंदाज लगा सकते हैं कि यह हमारा मूलभूत संसाधन है, इससे कई काम संचालित होते हैं और इसकी कमी से ज्यातार क्रिया कलाप ठप हो सकते हैं। अस्तित्व पर संकट गहरा सकता है।      फाउण्डेशन के प्रंबधन निदेशक एम. अफसर खान सागर ने कहा कि हमें जल के महत्व को समझने की जरूरत है। पृथ्वी का तकरीबन 71 प्रतिशत से ज्यादा हिस्सा पानी से भरा है लेकिन मीठे जल की मात्रा काफी कम है। एक अध्ययन के मुताबिक दुनिया में 10 में से 2 व्यक्तियों को पीने का साफ पानी नही...

घर आंगन की चहक गौरैया को बचाना जरूरी

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अदनान फाउण्डेशन द्वारा विश्व गौरैया दिवस पर 'घर आंगन की चहक रहे बरकरार' विषयक गोष्ठी का हुआ आयोजन।  धानापुर-चन्दौली। अदनान फाउण्डेशन द्वारा शनिवार को विश्व गौरैया दिवस पर कस्बा स्थित कैम्प कार्यालय पर गौरैया संरक्षण का संकल्प लेते हुए 'घर आंगन की चहक रहे बरकरार' विषयक गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में विलुप्त हो रही गौरैया के प्रति चिंता व्यक्त की गई और उन्हें बचाने की शपथ ली गई। अदनान फाउण्डेशन के संस्थापक व प्रबन्ध निदेशक एम. अफसर खान सागर ने कहा कि गौरैया घर आंगन की रौनक बढ़ाने वाली पक्षी है। यह खुशहाली और उल्लास का प्रतीक है। इसकी हिफाजत करना हम सबकी जिम्मेदारी है। कुछ साल पहले तक गौरैया का झुंड बड़ी आसानी से घरों, गाँव, खेत-खलिहान व सार्वजनिक स्थलों पर बड़ी आसानी से दिख जाते थे मगर अफसोस गौरैया आज संकटग्रस्त पक्षी की श्रेणी में आ गई है, जो पूरे विश्व में तेजी से कम हो रही है। कभी कच्चे घर, पशुशाला और आंगन गौरैया के आशियाना होते थे अब ये सब भौतिकता के भेंट चढ़ गए। उन्होंने कहा कि शहरीकरण ने हमारे गाँव की दहलीज को अपने गिरफ्त में ले लिया है, जिस वजह से हम...

अदनान फाउण्डेशन का हुआ गठन

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धानापुर-चन्दौली।  सामाजिक, सांस्कृतिक, शैक्षणिक व साहित्यिक सहित अन्य समाज कल्याण के उद्देश्यों से अदनान फाउण्डेशन का बुधवार को भारतीय ट्रस्ट अधिनियम के तहत गठन किया गया। अदनान फाउण्डेशन के संस्थापक/ प्रबन्ध निदेशक एम. अफसर खान 'सागर' ने बताया कि समाज में मानवतावादी भावना के तहत लोक कल्याण के उद्देश्यों से फाउण्डेशन का स्थापना किया गया है।  अदनान फाउण्डेशन द्वारा धानापुर साहित्यिक मंच का संचालन किया जाएगा, जिसके द्वारा साहित्य के उत्थान एवं प्रसार हेतु समय-समय पर साहित्यिक आयोजन होगा तथा इस क्षेत्र में अनुकरणीय कार्य करने वाले लोगों को प्रोत्साहित व सम्मानित भी किया जाएगा। हर वर्ष फाउण्डेशन द्वारा धानापुर महोत्सव कराये जाने का प्रस्ताव है। इसके अलावा फाउण्डेशन द्वारा राष्ट्र सेवा, समाज सेवा व ग्राम्य सेवा के कार्यों में भागीदारी रहेगी। फाउण्डेशन द्वारा सर्व समाज में भारतीयता की भावना का संचार कर लोगों में राष्ट्रभक्ति व समाजसेवा की भावना को प्रबल बनाने की दिशा में सकारात्मक प्रयास किया जाएगा। उन्होंने बताया कि फाउण्डेशन द्वारा संचालित द यंग मुस्लिम फोरम के द्वा...